‘नीली आर्मी’ को लेकर धमकी और खुद को ‘ठाकुर’ व ‘सामंतवादी’ बताने वाले बयान ने कई सवाल खड़े किए हैं। क्या जातिगत पहचान के नाम पर हिंसा की धमकी देना उचित है? क्या नीले रंग को लेकर आपत्ति सिर्फ एक रंग का विरोध है, या इसके पीछे सामाजिक और जातिगत पूर्वाग्रह भी जुड़े हैं? नीला रंग शांति, प्रकृति और विज्ञान के साथ-साथ सामाजिक समानता और वंचित समुदायों के आंदोलनों से भी जुड़ा रहा है। तो फिर किसी रंग या प्रतीक को लेकर इतनी नफरत क्यों? Video- @hemannt_yadava देखिए पूरी वीडियो Molitics के यूट्यूब चैनल पर लिंक - #CurrentIssues #Equality #SocialIssues #IndiaNews
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