2026 के मानसून सत्र में संसद की कम होती कार्यक्षमता ने लोकतंत्र और जवाबदेही पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। हंगामे और स्थगन के बीच प्रश्नकाल और महत्वपूर्ण विधेयकों पर चर्चा के लिए समय सीमित रहा। जब संसद में सवाल कम होंगे और कानूनों पर पर्याप्त बहस नहीं होगी, तो सरकार से जवाब कौन मांगेगा? जनता के मुद्दों पर चर्चा नहीं होगी तो लोकतंत्र की आवाज़ कहां उठेगी? और करोड़ों रुपये खर्च होने के बावजूद संसद प्रभावी ढंग से काम नहीं करेगी, तो इसकी जवाबदेही किसकी होगी? Video -@Nivedita_Shan इन सभी मुद्दों पर विस्तृत चर्चा देखिए Molitics के YouTube चैनल पर। लिंक - #IndianParliament #ParliamentaryAccountability #Democracy #ParliamentaryDebate #IndiaNews #BreakingNews
Open in BitSocialBitSocial — the social app with no off switch