क्या हमारी सरकार को अब 'डेटा' और 'सच्चाई' से डर लगने लगा है? हरिद्वार में कांवड़ियों द्वारा कार तोड़े जाने और पुलिस के मूकदर्शक बने रहने का सच दिखाने पर पत्रकार की पोस्ट रिस्ट्रिक्ट कर दी गई। वहीं, जब Molitics ने मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री के प्रचार-प्रसार पर जनता के टैक्स के खर्च का हिसाब मांगा, तो उस Carousel Post को भी IT मिनिस्ट्री के फरमान पर मेटा (Meta) द्वारा भारत में ब्लॉक करवा दिया गया। अपने ही टैक्स के पैसे का हिसाब माँगना इस देश में अपराध कब से हो गया? क्या सवाल पूछने वालों पर डिजिटल तालेबंदी ही लोकतंत्र का नया 'अमृतकाल' है? Video - @sun_na_tushar #SocialMediaRestriction #Meta #CensorshipInIndia #FreePress
Open in BitSocialBitSocial — the social app with no off switch